प्रिया की मां सरोज पुनिया का कोरोना महामारी के दौरान के निधन हो गया। इनका भाई राहुल पुनिया भी क्रिकेटर बनना चाहता है। प्रिया पुनिया बेहद खूबसूरत क्रिकेटरों में से एक हैं। सोशल मीडिया पर भी एक्टिव रहती हैं। इंस्टाग्राम पर इनके 555K followers हैं।
प्रिया ने दिल्ली में राजकुमार शर्मा से सात साल तक क्रिकेट की कोचिंग ली। राजकुमार को भारतीय कप्तान विराट कोहली के प्रशिक्षक के रूप में भी जाना जाता है। प्रिया ने अपना पहला घरेलू मैच हैदराबाद के खिलाफ़ बेंगलुरु में दिल्ली की महिला टीम के लिए टी20 मैच में खेला था। वह बेंगलुरु में आयोजित वन डे चैंपियनशिप में दिल्ली की सीनियर टीम में भी शामिल हुईं।
इस युवा खिलाड़ी ने सिर्फ़ आठ मैचों में 50 की औसत से 407 रन बनाए। प्रिया ने 2015 में नॉर्थ ज़ोन का भी प्रतिनिधित्व किया, जहाँ उन्होंने कुछ बड़ी पारियाँ खेलीं और चयनकर्ताओं को प्रभावित किया। घरेलू इकाई में अपने शानदार खेल के कारण उन्हें राष्ट्रीय टीम में शामिल होने का मौका मिला।
दिसंबर 2018 में, उनका नाम न्यूजीलैंड के खिलाफ सीरीज के लिए भारत की टीम में शामिल किया गया था। 6 फरवरी 2019 को, उन्होंने न्यूजीलैंड महिलाओं के खिलाफ खेलते हुए भारत के लिए महिला ट्वेंटी 20 अंतर्राष्ट्रीय क्रिकेट (WT20I) में अपनी शुरुआत की। सितंबर 2019 में, उन्हें दक्षिण अफ्रीका के खिलाफ उनकी श्रृंखला के लिए भारत की महिला एक दिवसीय अंतर्राष्ट्रीय (WODI) टीम का हिस्सा बनने के लिए चुना गया था। भारत के लिए उनका WODI डेब्यू 9 अक्टूबर 2019 को दक्षिण अफ्रीका के खिलाफ मैच में हुआ।
मई 2021 में उन्हें इंग्लैंड की महिला क्रिकेट टीम के खिलाफ एकमात्र टेस्ट मैच के लिए भारत की टेस्ट टीम में चुना गया था। हाल ही में 9 जुलाई 2023 को बीसीसीआई ने बांग्लादेश के खिलाफ वनडे सीरीज के लिए भारतीय महिला टीम की घोषणा की। इस सीरीज में क्रिकेटर प्रिया पुनिया को टीम में शामिल किया गया है।
क्रिकेटर प्रिया पुनिया ने सफलता के लिए अपना रास्ता खुद बनाने में बहुत दृढ़ संकल्प दिखाया। बीसीसीआई के एक उच्च पदस्थ अधिकारी के सहायक द्वारा मदद की पेशकश किए जाने के बावजूद, जिसने उन्हें टीम में जगह दिलाने का आश्वासन दिया, उन्होंने इस अवसर को अस्वीकार करने का फैसला किया। प्रिया के पिता, सुरेंद्र को बताया गया कि शीर्ष अधिकारी की सिफारिश से उन्हें भारतीय टीम में जगह मिल जाएगी।
हालांकि, प्रिया ने केवल योग्यता के आधार पर अपनी जगह बनाने के महत्व को पहचाना और यह कहते हुए प्रस्ताव को अस्वीकार कर दिया, “सिफारिश के आधार पर टीम में शामिल होने से कोई संतुष्टि नहीं होती।” उनका सैद्धांतिक निर्णय उनके मजबूत चरित्र और कड़ी मेहनत और कौशल के माध्यम से सफलता प्राप्त करने की प्रतिबद्धता को दर्शाता है।
रिपोर्ट के अनुसार, सुरेंद्र पुनिया, जो कभी भारत के लिए खेलने की महत्वाकांक्षा रखते थे, अब अपनी बेटी प्रिया को कोचिंग और मार्गदर्शन देते हैं। उन्होंने उसे आज की प्रतिभाशाली क्रिकेटर बनाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। प्रिया के क्रिकेट के सपनों का समर्थन करने के लिए, सुरेंद्र ने जयपुर के बाहरी इलाके में 22 लाख रुपये की कीमत का 1.5 बीघा जमीन खरीदने के लिए अपनी संपत्ति बेचने और ऋण लेने सहित महत्वपूर्ण कदम उठाए। इस निवेश के पीछे का उद्देश्य प्रिया के प्रशिक्षण और विकास के लिए एक समर्पित अभ्यास नेट और क्रिकेट पिच बनाना था।
अपनी बेटी के लिए एक खास पिच और नेट बनाने का फैसला एक कड़वे अनुभव के बाद लिया गया। 2016 में सुरेंद्र को सर्वे ऑफ इंडिया के कर्मचारी के तौर पर दिल्ली से जयपुर ट्रांसफर किया गया था। जब प्रिया ने जयपुर में एक क्रिकेट अकादमी में पंजीकरण कराना चाहा, तो वहां के कोच ने उसका मजाक उड़ाया कि वह लड़की है और क्रिकेट में सफल होने के सपने देख रही है। इस बात से आहत होकर प्रिया ने अकादमी में शामिल होने से इनकार कर दिया।
अपनी बेटी के खेल के प्रति प्रेम को देखते हुए सुरेंद्र ने पहले एक ग्राउंड्समैन से पिच बनाने के लिए संपर्क किया, लेकिन उसने एक लाख रुपये की मांग की। इसलिए उन्होंने खुद ही पिच बनाने का फैसला किया।

Priya Punia के कम ज्ञात तथ्य
इंस्टाग्राम पर उनके 557 हजार से ज्यादा प्रशंसक हैं।
उन्हें तीसरे नंबर पर बल्लेबाजी करना पसंद है और वह कुछ वरिष्ठ क्रिकेटरों की उत्तराधिकारी हो सकती हैं।
क्रिकेट चुनने से पहले वह बैडमिंटन खेलती थीं।
वह अपने पिता सुरेन्द्र पुनिया को अपना आदर्श मानती हैं।
जिस प्रकार अभिनव बिंद्रा के पिता ने अपने बेटे के अभ्यास के लिए एक शूटिंग रेंज बनवाई थी, उसी प्रकार क्रिकेटर प्रिया पुनिया के पिता भी अपनी बेटी के प्रति अपार प्रतिबद्धता और उत्साहपूर्ण समर्थन के साथ एक मिसाल कायम कर रहे हैं।
Priya Punia की टीमें
दिल्ली महिला
भारत हरित महिला
भारत महिला
सुपरनोवास
Priya Punia बैटिंग करियर आँकड़े
| प्रारूप | मैच | पारी | नॉट | रन | बेस्ट | औसत | गेंद | स्ट्राइक | शतक | फिफ्टी | चौके | छक्के |
| वन डे | 12 | 11 | 1 | 273 | 75* | 27.30 | 478 | 57.11 | 0 | 2 | 31 | 1 |
| टी20 | 3 | 3 | 0 | 9 | 4 | 3.00 | 17 | 52.94 | 0 | 0 | 1 | 0 |
Priya Punia के हालिया मैच
IND महिला बनाम AUS महिला– 08-दिसम्बर-2024 ब्रिस्बेन महिला वनडे
IND महिला बनाम AUS महिला 3 05-दिसम्बर-2024 ब्रिस्बेन महिला वनडे मैच
IND-A महिला बनाम AUS-A महिला 7 एवं 36 22-अगस्त-2024 गोल्ड कोस्ट अन्य
IND-A महिला बनाम AUS-A महिला 1 16-अगस्त-2024 मकाय अन्य
IND-A महिला बनाम AUS-A महिला 6 14-अगस्त-2024 मकाय अन्य
Priya Punia का डेब्यू/आखिरी मैच
महिला वनडे मैच
पदार्पण दक्षिण अफ्रीका महिला बनाम भारत महिला, वडोदरा – 09 अक्टूबर, 2019
अंतिम AUS महिला बनाम IND महिला, ब्रिस्बेन – 08 दिसंबर, 2024
टी20ई मैच
पदार्पण न्यूजीलैंड महिला बनाम भारत महिला, वेलिंगटन – 06 फरवरी, 2019
अंतिम न्यूजीलैंड महिला बनाम भारत महिला, हैमिल्टन – 10 फरवरी, 2019
प्रिया पुनिया एक भारतीय क्रिकेटर हैं। वे राजस्थान की प्रतिभाशाली महिला अन्तर्राष्ट्रीय क्रिकेटर हैं।
प्रिया पुनियां ने 2019 में साउथ अफ्रिका के खिलाफ अपने एकदिवसिय करियर की शुरूआत की।
9 जुलाई से शुरू होने वाले टी20 मैच में BCCI ने बांग्लादेश खिलाफ खेले जाने वाली वनडे सीरीज लिए भारतीय महिला टीम का ऐलान किया जिसमें प्रिया पूनिया का सिलेक्शन हुआ है।
Priya Punia की कुल संपत्ति का विवरण

2024 तक, प्रिया पुनिया की कुल संपत्ति और कमाई लगभग $130,000 (INR 1 करोड़) होने का अनुमान है।
वह अपनी अधिकांश आय क्रिकेट टूर्नामेंट खेलने और पुरस्कार जीतने से अर्जित करती है।
वह एंडोर्समेंट और स्पॉन्सरशिप से भी अच्छी खासी रकम कमाती हैं। वह नाइके, पेप्सी और बाटा जैसे कुछ प्रतिष्ठित ब्रांडों से जुड़ी रही हैं।
प्रिया पुनिया का जन्म 6 अगस्त 1996 को जयपुर, राजस्थान में हुआ था। वह एक क्रिकेट-प्रेमी परिवार से थीं और अपने पिता, सुरेंद्र पुनिया, जो एक पूर्व क्रिकेटर और कोच थे, से प्रेरित थीं।
उन्होंने छह साल की उम्र में क्रिकेट खेलना शुरू किया और नौ साल की उम्र में राजस्थान क्रिकेट अकादमी में शामिल हो गईं।
Priya Punia को अपना पहला अंतरराष्ट्रीय कॉल-अप 2018 में मिला जब उन्हें न्यूजीलैंड के खिलाफ श्रृंखला के लिए भारत की टीम में नामित किया गया।
उन्होंने 24 जनवरी, 2019 को न्यूजीलैंड महिलाओं के खिलाफ महिला एक दिवसीय अंतर्राष्ट्रीय (WODI) पदार्पण किया और नाबाद 63 रन बनाकर भारत को मैच जीतने में मदद की।
Priya Punia का प्रारंभिक जीवन
प्रिया पुनिया सीमित संसाधनों वाले एक मध्यम वर्गीय परिवार में पली बढ़ीं। उनके पिता, सुरेंद्र पुनिया, भारतीय रेलवे में क्लर्क के रूप में काम करते थे, जबकि उनकी माँ, सरोज पुनिया एक गृहिणी थीं।
प्रिया को बचपन से ही क्रिकेट का शौक रहा है और वह अपने भाई राहुल पुनिया के साथ अपने पिछवाड़े में खेलती थी।
अपने प्रशिक्षण के शुरुआती वर्षों में, प्रिया को कई चुनौतियों और कठिनाइयों का सामना करना पड़ा, जैसे अभ्यास मैदान तक लंबी दूरी तय करना, वित्तीय बाधाओं से निपटना और खेल के साथ अपनी पढ़ाई को संतुलित करना।
लेकिन उन्होंने अपने सपनों को कभी नहीं छोड़ा और हर बाधा को पार करने के लिए कड़ी मेहनत की।
2019 में जब प्रिया ने अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में पदार्पण किया तो वह भारत के लिए खेलने वाली राजस्थान की पहली महिला क्रिकेटर बन गईं।
वह नेपियर में न्यूजीलैंड महिलाओं के खिलाफ नाबाद 63 रन बनाकर अपने पहले महिला वनडे मैच में अर्धशतक बनाने वाली चौथी भारतीय महिला भी बनीं।
प्रिया पुनिया घरेलू स्तर पर भी लगातार अच्छा प्रदर्शन कर रही हैं। उन्होंने राजस्थान के लिए लिस्ट ए क्रिकेट में 2000 से अधिक और टी20 क्रिकेट में 1000 से अधिक रन बनाए हैं।
उन्होंने अपने प्रदर्शन के लिए कई पुरस्कार और सम्मान भी जीते हैं, जैसे बीसीसीआई सर्वश्रेष्ठ जूनियर क्रिकेटर पुरस्कार (2015-16), बीसीसीआई सर्वश्रेष्ठ वरिष्ठ क्रिकेटर पुरस्कार (2017-18), बीसीसीआई विशेष पुरस्कार (2018-19), और राजस्थान खेल पुरस्कार (2019)।
Priya Punia कौन हैं।

प्रिया पुनिया एक भारतीय क्रिकेटर हैं जिनका जन्म 6 अगस्त 1996 को जयपुर, राजस्थान में हुआ था। वह दाएं हाथ की बल्लेबाज और दाएं हाथ की मध्यम गेंदबाज हैं जो घरेलू और अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट दोनों में अपने प्रदर्शन के लिए जानी जाती हैं।
Priya Punia की कुछ प्रमुख उपलब्धियाँ क्या हैं।
Priya Punia ने महिला एक दिवसीय अंतर्राष्ट्रीय (WODIs) और महिला ट्वेंटी 20 अंतर्राष्ट्रीय (WT20Is) सहित कई प्रारूपों में भारत का प्रतिनिधित्व किया है। उन्होंने 6 फरवरी, 2019 को न्यूजीलैंड के खिलाफ अपना महिला टी20ई डेब्यू किया और 9 अक्टूबर, 2019 को दक्षिण अफ्रीका के खिलाफ अपना महिला वनडे डेब्यू किया। वह विभिन्न अंतरराष्ट्रीय श्रृंखलाओं और टूर्नामेंटों के लिए भारत की टीम का भी हिस्सा रही हैं।
Priya Punia ने अपने क्रिकेट करियर की शुरुआत कैसे की।
प्रिया ने छोटी उम्र में ही क्रिकेट खेलना शुरू कर दिया था और दिल्ली में राजकुमार शर्मा से सात साल तक कोचिंग ली। उन्होंने शुरुआत में बैडमिंटन खेला लेकिन बाद में उन्हें क्रिकेट का शौक हो गया। उन्होंने दिल्ली महिला टीम के लिए घरेलू क्रिकेट में पदार्पण किया और अपने प्रभावशाली प्रदर्शन के कारण जल्द ही रैंक में आगे बढ़ गईं।
Priya Punia की क्रिकेट टीम में क्या भूमिका है।
Priya Punia मुख्य रूप से एक बल्लेबाज के रूप में खेलती हैं। वह अपनी दाएं हाथ की बल्लेबाजी शैली के लिए जानी जाती हैं और उन्होंने विभिन्न मैचों में अपनी टीम की सफलता में महत्वपूर्ण योगदान दिया है। हालाँकि उनकी प्राथमिक भूमिका एक बल्लेबाज के रूप में है, वह दाएं हाथ से मध्यम गति की गेंदबाज़ी भी करती हैं।
Priya Punia के कुछ उल्लेखनीय प्रदर्शन क्या हैं।
Priya Punia ने अपने करियर में कई उल्लेखनीय प्रदर्शन किये हैं। दक्षिण अफ्रीका के खिलाफ अपनी पहली महिला वनडे सीरीज़ में, उन्होंने अपने पहले गेम में मैच विजेता 75* रन बनाए। उन्होंने घरेलू क्रिकेट में भी अच्छा प्रदर्शन किया है और एक घरेलू सीज़न के दौरान आठ मैचों में 50 की औसत से 407 रन बनाए हैं।
Priya Punia ने किन टीमों के लिए खेला है।
प्रिया ने विभिन्न टीमों के लिए खेला है, जिनमें दिल्ली महिला, इंडिया ग्रीन महिला, सुपरनोवा और इंडिया ए महिला शामिल हैं। उन्होंने महिला वनडे और महिला टी20ई में खेलते हुए अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में भी भारत का प्रतिनिधित्व किया है।
Priya Punia की शैक्षिक पृष्ठभूमि क्या है।
प्रिया ने अपनी पढ़ाई दिल्ली के जीसस एंड मैरी कॉलेज से पूरी की। उन्होंने अपनी पढ़ाई को क्रिकेट प्रशिक्षण के साथ संतुलित किया और अपने जीवन के दोनों पहलुओं को सफलतापूर्वक प्रबंधित किया है।
Priya Punia के शौक और रुचियां क्या है।
क्रिकेट के अलावा, प्रिया को साइकिल चलाना, योग करना और जिम करना पसंद है। वह फिटनेस के प्रति जुनूनी होने के लिए भी जानी जाती हैं और शीर्ष फॉर्म में बने रहने के लिए कठोर प्रशिक्षण का पालन करती हैं।
Priya Punia के परिवार ने उनके क्रिकेट करियर को कैसे समर्थन दिया है।
प्रिया का परिवार उनके क्रिकेट करियर के लिए बहुत सहयोगी रहा है। उनके पिता सुरेंद्र पुनिया ने एक क्रिकेटर के रूप में उनके विकास में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। यहां तक कि उन्होंने उसके प्रशिक्षण के लिए एक समर्पित अभ्यास नेट और क्रिकेट पिच बनाने के लिए संपत्ति भी बेच दी और ऋण भी लिया।
Priya Punia के भविष्य के लक्ष्य क्या हैं।
प्रिया का लक्ष्य संभवत: उच्चतम स्तर पर भारत का प्रतिनिधित्व करना और अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में अपनी टीम की सफलता में योगदान देना जारी रखना है। वह अपने कौशल में सुधार करने और करियर में बड़ी उपलब्धियां हासिल करने पर ध्यान केंद्रित कर रही हैं।
Priya Punia को भारतीय क्रिकेटर बनाने के लिए पिता ने जयपुर में बेचा 22 लाख का घर

बांग्लादेश के खिलाफ तीन मैचों की T-20 और ODI सीरीज के लिए भारतीय महिला क्रिकेट टीम का ऐलान कर दिया है। भारतीय टीम में प्रिया पुनिया को भी जगह मिली है।
प्रिया पुनिया वो भारतीय महिला क्रिकेट हैं, जिन्होंने छोटे से गांव से इंटरनेशनल क्रिकेट तक का सफर तय किया है। मां की मौत के बावजूद हिम्मत नहीं हारने वाली प्रिया पुनिया की पूरी कहानी हर किसी को प्रेरित करने वाली है। प्रिया पुनिया के पिता सुरेंद्र पुनिया ने बातचीत में बताया कि बेटी का बांग्लादेश सीरीज में चयन होने पर पूरे परिवार में खुशी का माहौल है। उम्मीद है कि बांग्लादेश के साथ मैच में उसके बल्ले से ढेरों रन निकलेंगे।
भारतीय महिला क्रिकेट टीम में दाएं हाथ की स्टार बल्लेबाज प्रिया पुनिया की सफलता के पीछे उनके कड़ी मेहनत व पिता सुरेंद्र पुनिया हैं। भारतीय सर्वेक्षण विभाग में कार्यरत सुरेंद्र पुनिया ने बेटी प्रिया को क्रिकेटर बनाने के लिए जयपुर में अपना 22 लाख का घर तक बेच दिया था।
Priya Punia की प्रेक्टिस के लिए खेत में बनाया क्रिकेट मैदान
सुरेंद्र पुनिया कहते हैं कि बेटी Priya Punia सात साल की उम्र में क्रिकेट खेल रही है। अपनी नौकरी के चलते अजमेर व दिल्ली में काम किया। वहां उसे क्रिकेट एकेडमी ज्वाइन करवाई। फिर पिता का जयपुर ट्रांसफर हुआ तो बेटी भी उनके साथ आ गई। यहां पर उसकी कोचिंग अच्छे से नहीं हो पा रही थी। ऐसे में सुरेंद्र पुनिया ने जयपुर स्थित अपना 22 लाख का घर बेचकर चौमूं कस्बे के पास खेत खरीद लिया और उसी में बेटी प्रिया पुनिया के लिए क्रिकेट मैदान बनवा दिया ताकि वह प्रेक्टिस कर सके।

